Sale!

Mridula ek ajanmi kavita

178

Author: Renuka Dhyani
‘मृदुला..अजन्मी कविता’..मेरे जीवन की अनेकों घटनाओं से प्रेरित मेरी कविताओं का संग्रह हैं ये किताब…पाँच तत्वों से निर्मित मनुष्य अपने जीवन में पाँच भावों से अभिभूत रहता है

Purchase this book and get 35 Points -  worth 35

Description

‘मृदुला..अजन्मी कविता’..मेरे जीवन की अनेकों घटनाओं से प्रेरित मेरी कविताओं का संग्रह हैं ये किताब…पाँच तत्वों से निर्मित मनुष्य अपने जीवन में पाँच भावों से अभिभूत रहता है….कुछ बहुत कठिन समय की सहज कविताएँ और कुछ सहज समय की कठिन होंगीं।
मैं समावेश चाहती थी सभी का। इन कविताओं को बाहर आने में लगभग दो दशक लगे…..परिपक्व होने का समय लगा इन्हें..।
मृदुला , मेरा मुझसे और मुझ तक का परिचय है। किताबें घूँट- घूँट पीने का विषय हैं….तब ही उसकी तासीर समझ आती है। समय दीजियेगा पढ़ने में!

Product Details

ISBN: 978-9390447732
Size: 5×8
Format: Paperback
Pages: 97
Language: Hindi
Genre: Fiction | Poetry
Mrp: Rs.179/-

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Mridula ek ajanmi kavita”

Your email address will not be published.